CM योगी का बयान- यूपी में कोई मोब-लिंचिंग नहीं हुई, बुलंदशहर हिंसा एक ‘दुर्घटना’, कांग्रेस बोलीं- ‘लोकतंत्र को भीड़तंत्र में परिवर्तित करना भाजपा की साज़िशन ‘कार्य-प्रणाली’ है’

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CM Yogi said Bulandshahr violence an accident
CM Yogi said Bulandshahr violence an accident

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की नेतृत्व वाली बीजेपी सरकार में प्रदेश हिंसा और अराजकता के दुर्भाग्यपूर्ण दौर से गुजर रहा है। अपराधियों के हौसले इतने बुलंद है कि यूपी पुलिस भी उसके सामने बदहाल नज़र आ रही है। वहीं गोकशी के शक में भीड़ द्वारा हत्या तो प्रदेश में थमने का नाम नहीं ले रही है। हाल ही में गोकशी के शक में यूपी के बुलंदशहर में हुई हिंसा इसका ताजा उदाहरण है।

इस दौरान अखलाक हत्याकांड के जांच अधिकारी रह चुके इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की गोली मारकर हत्या की गई थी। लेकिन प्रदेश के ऐसे हालत के बाद भी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ यह बयान दे रहे हैं कि, भीड़ द्वारा हत्या करने की कोई घटना उनके समय (कार्यकाल) में नहीं घटी है। साथ ही उन्होंने बुलंदशहर में सोमवार को हुई हिंसा को एक हादसा करार दिया है।

जी हाँ, शुक्रवार को नई दिल्ली में एक समारोह को संबोधित करते हुए बुलंदशहर हिंसा (Bulandshahr Violence) पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने बड़ा बयान देते हुए कहा- ‘यूपी में कोई मॉब लिंचिंग की घटना नहीं हुई है… बुलंदशहर में जो घटना हुई, वह एक दुर्घटना है… कानून अपना काम कर रहा है… किसी को बख्शा नहीं जाएगा।’ उन्होंने कहा कि भीड़ द्वारा हत्या करने की कोई घटना उनके समय में नहीं घटी है।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि ‘सिर्फ गोहत्या ही नहीं, अवैध गोकशी को रोकने के लिए भी सख्त कदम उठाए गए हैं। इस मामले में डीएम व एसपी की जवाबदेही तय कर दी गई है। उन्होंने कहा कि राज्य में हर जिले में गाय, आवरा कुत्तों आदि के संरक्षण के लिए केंद्र खोलने की योजना को आगे बढ़ाया जा रहा है।

वहीं, सीएम योगी द्वारा बुलंशहर हिंसा को दुर्घटना बताए जाने पर कांग्रेस ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने हिंसा में इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की गोली मारकर की गई हत्या को एक दुर्घटना बताए जाने पर इसे शहीद और उनके परिवार का घोर अपमान करार दिया है।

सुरजेवाला ने अपने ट्वीट में सीएम योगी के बयान को शेयर करते हुए लिखा, दिन-दहाड़े हत्या को ‘दुर्घटना’ की संज्ञा देकर आदित्यनाथ जी ने मरहूम इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह जी व उनके परिवार का घोर अपमान किया है। लोकतंत्र को भीड़तंत्र में परिवर्तित करना भाजपा की साज़िशन ‘कार्य-प्रणाली’ है! UP और देश की जनता भाजपा की कुकृत्यों का नज़ारा,सब देख-समझ रही है।