मुबई: जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष कन्हैया कुमार शहर में अनुबंध पर काम करने वाले सफाईकर्मियों के आंदोलन के प्रति अपना समर्थन व्यक्त करने के लिए मुम्बई पहुंचे.

इस दौरान कन्हैया ने कहा, मुंबई के सफाईकर्मियों को कई महीने से नहीं मिल रहे वेतन व नोटबंदी में उन कर्मचारियों के घरों के खर्चें उठाने में आई परेशानी को लेकर कन्हैया कुमार ने बीजेपी शासित महाराष्ट्र सरकार को आड़े हाथ लिया. उन्होंने कहा कि, भारतीय जनता पार्टी की सरकार गरीब हितैषी नहीं बल्कि गरीब विरोधी है. उसने सत्ता में आकर लोगों से जीना छीन लिया है.

कन्हैया ने आगे कहा, ‘मैं आपसे पूछना चाहता हूं मोदी जी, पुलिस ने मेरे खिलाफ अब तक आरोप-पत्र दायर क्यों नहीं किया? जबकि 11 महीने बीत चुके हैं। पुलिस ने मुझे दी गई जमानत का विरोध क्यों नहीं किया?’ ?

कन्हैया ने कहा, ‘संसद पर हमले के दोषी अफजल गुरु की फांसी का विरोध करने के लिए बुलाई गई बैठक में हिस्सा लेने वाले अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज नहीं किया गया और उन्हें जेल में नहीं डाला गया।’ उन्होंने कहा, ‘हां, मैंने नारेबाजी की। लेकिन देश के खिलाफ नहीं….बल्कि मैंने मोदी जी और आरएसएस के खिलाफ नारे लगाए और भविष्य में भी ऐसा करुंगा।’